
CG MEDIA TV:कहते हैं कि पुलिस की मौजूदगी अपराध और हादसों को रोकने के लिए होती है, लेकिन सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के कोसीर थाना क्षेत्र में पुलिस अब केवल ‘स्मार्टफोन’ और ‘सोशल मीडिया’ तक सिमट कर रह गई है। कल जिस मिरौनी बैराज की सुरक्षा को लेकर कोसीर पुलिस ने बड़े-बड़े दावों वाला पोस्टर जारी किया था, आज उसी बैराज ने एक और युवक की जान ले ली। प्रशासन के ये दावे न केवल खोखले साबित हुए, बल्कि जनता की सुरक्षा के साथ एक भद्दा मज़ाक बनकर रह गए हैं।

महज 24 घंटे पहले कोसीर पुलिस ने सोशल मीडिया पर ‘सुरक्षा और सतर्कता’ का ढिंढोरा पीटा था। लेकिन आज जब धरातल पर सुरक्षा व्यवस्था की जांच की गई, तो वहां न कोई जवान तैनात था और न ही हादसों को रोकने के लिए कोई पुख्ता इंतजाम।
जनता की मांग:
क्षेत्र की जनता में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है। लोगों का स्पष्ट कहना है कि हमें प्रशासन के “डिजिटल विज्ञापन” नहीं, बल्कि धरातल पर “ठोस एक्शन” चाहिए।

मिरौनी बैराज पर बढ़ते हादसे जिला प्रशासन और कोसीर पुलिस की कार्यप्रणाली पर एक बड़ा प्रश्नचिन्ह खड़ा करते हैं। अब देखना यह होगा कि इस मौत के बाद भी प्रशासन अपनी नींद से जागता है या फिर एक और पोस्टर जारी कर अपनी जिम्मेदारियों से पल्ला झाड़ लेता है।




